Category: अन्य

sarmati lady

ग़ज़ल : न जाने कब से मुझे आज़माए जाते हैं, झुका झुका के नज़र मुस्कुराये जाते हैं

न  जाने  कब  से   मुझे  आज़माए  जाते  हैं, झुका   झुका  के  नज़र ...

वायरल हो रही पोस्ट

वैलेंटाइन डे पर सोशल मीडिया पर क्यों ट्रेंड हो रहे हैं भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के क्रांतिकारी

वायरल हो रही पोस्ट  14 फरवरी यानी कि वेलेंटाइन डे  के दिन सोशल...

pigeon

ग़ज़ल : मेरी ख़्वाहिश है मेरी बात वहां तक पंहुचे, एक दो मुल्क नहीं सारे जहाँ तक पंहुचे

मेरी  ख़्वाहिश  है  मेरी  बात  वहां  तक पंहुचे, एक  दो   मुल्क  नहीं ...

RIZVI SIR

पनघट – पनघट लम्पट घूमैं कइसे बचाऊँ कोरी गगरिया। आँचल उड़तय जोबन पर गड़ जाती है सब की बैरी नजरिया

पनघट – पनघट   लम्पट   घूमैं  कइसे  बचाऊँ  कोरी  गगरिया। आँचल...

RIZVI SIR

ख़ूने जिगर की चिंगारी……..

छोटी-छोटी मासूम बच्चियों पर हो रहे बलात्कार और क़त्ल की वारदातों...

RIZVI SIR

ग़ज़ल : लाओ काग़ज़ क़लम अब वसीयत लिखें, अपने हर जुर्म की ख़ुद शहादत लिखें।

लाओ काग़ज़ क़लम अब वसीयत लिखें, अपने हर जुर्म की ख़ुद शहादत लिखें।...

RIZVI SIR

आधी आबादी का वजूद —- एक पुरानी नज़्म

मेरा वजूद क्या है मुझे ख़ुद पता नहीं, जिस में दिखाई दूं मैं कोई...

RIZVI SIR

ग़ज़ल : है कोई आँख जहाँ कायनात दिखती है , हसीन रंग में महकी हयात दिखती है

है  कोई  आँख   जहाँ  कायनात  दिखती  है, हसीन  रंग   में   महकी ...

RIZVI SIR

क़तआत : नाख़ुदा डूब गया कश्ती बचाएं कैसे

1- नाख़ुदा  डूब   गया    कश्ती   बचाएं   कैसे, रस्मे   उल्फ़त भला  ऐसे ...

Flower-care

ग़ज़ल :- मेरे महबूब मेरे दिल को मोहब्बत दे दो

मेरे  महबूब  मेरे   दिल   को   मोहब्बत   दे  दो, ग़ैरमुमकिन हो तो ...