NEET-UG पेपर सुरक्षा के लिए IAF की मदद की तैयारी, इल्तिजा मुफ्ती ने उठाए सवाल

सूत्रों के हवाले से खबर है कि सरकार 21 जून को फिर से होने वाली नीट-यूजी की परीक्षा को पूरी तरह सुरक्षित और त्रुटिरहित ढंग से कराए जाने के लिए पेपर्स को एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाने को लेकर वायु सेना की मदद लेने की संभावना पर विचार कर रही है.

NEET-UG पेपर लीक मामले में सीबीआई लगातार जांच में जुटी है. मामले में कई गिरफ्तारी भी हो चुकी है, कई लोगों से पूछताछ भी चल रही है. इस बीच एनटीए अगले महीने जून में NEET-UG की फिर से परीक्षा कराने जा रही है, इस बार परीक्षा में कोई गड़बड़ी न हो इसके लिए एजेंसी भारतीय वायुसेना की मदद लेने की तैयारी कर रही है. हालांकि इस कवायद का महबूबा मुफ्ती की बेटी इल्तिजा मुफ्ती ने निशाना साधते हुए इससे आप भ्रष्टाचार, अयोग्यता और नाकामी के स्तर की कल्पना कीजिए. 

इल्तिजा मुफ्ती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपने पोस्ट में कहा, “NEET के पेपर्स को अब एयर फोर्स के विमान ले जाएंगे. जरा भ्रष्टाचार, अयोग्यता और नाकामी के स्तर की कल्पना कीजिए. लेकिन जब तक मुसलमानों की लिंचिंग, क्लिक बेट और लोगों के गुस्से का जरिया बनते रहेंगे, आम जनता खुश रहेगी.” 

21 जून को फिर से कराई जाएगी परीक्षा

इससे पहले कल गुरुवार को सूत्रों के हवाले से यह खबर आई थी कि सरकार अगले महीने 21 जून को फिर से होने वाली नीट-यूजी की परीक्षा को पूरी तरह सुरक्षित और त्रुटिरहित ढंग से कराए जाने के लिए पेपर्स को एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाने को लेकर भारतीय वायु सेना की मदद लेने की संभावना पर विचार कर रही है.

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अगुवाई में हुई एक उच्च स्तरीय बैठक में इस विकल्प पर विचार-विमर्श किया गया. बैठक में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया भी शामिल हुए थे. सूत्रों के अनुसार मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों ने इस पर चर्चा की कि पेपर्स को एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाने के लिए आईएएफ के विमानों का इस्तेमाल किया जा सकता है. 

PM मोदी ले सकते हैं इस पर फैसला

हालांकि सूत्रों ने बताया कि अभी तक कोई अंतिम फैसला नहीं लिया गया है और इस विकल्प पर अंतिम फैसला लेने के लिए इसे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के समक्ष रखा जाएगा. माना जा रहा है कि खुद पीएम मोदी 21 जून को होने वाली इस परीक्षा की तैयारियों की निजी रूप से निगरानी कर रहे हैं.

इससे पहले नीट परीक्षा 3 मई को देश के 551 शहरों और विदेश के 14 केंद्रों पर आयोजित की गई थी. इस परीक्षा के लिए लगभग 23 लाख अभ्यर्थियों ने रजिस्ट्रेशन कराया था. लेकिन 12 मई को पेपर लीक होने की वजह से एनटीए ने परीक्षा रद्द कर दिया और फिर से परीक्षा के लिए 21 जून की तारीख निर्धारित की गई थी.