
नीट यूजी 2026 री-एग्जाम का आयोजन आज देश भर में किया जाएगा. एग्जाम दोपहर 2 बजे से शुरू होकर शाम के 5:15 बजे तक चलेगा. परीक्षा को लेकर यूपी में प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है. प्रदेश के 60 जिलों में 760 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां 3 लाख से अधिक स्टूडेंट्स परीक्षा देंगे. इन केंद्रों पर होने वाली परीक्षा के लिए सुरक्षा और निगरानी के विशेष इंतजाम किए गए हैं. पेपर लीक विवाद के बाद आयोजित हो रही इस परीक्षा को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए केंद्र और राज्य सरकार ने बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की है.
परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी निगरानी, बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन, फेस ऑथेंटिकेशन और लाइव मॉनिटरिंग की व्यवस्था की गई है. इसके साथ ही सोशल मीडिया पर भी विशेष नजर रखी जा रही है ताकि किसी तरह की अफवाह या भ्रामक सूचना को तुरंत रोका जा सके. लखनऊ में पुलिस-प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है.
अधिकारियों के अनुसार परीक्षा सामग्री के परिवहन से लेकर केंद्रों तक सुरक्षित पहुंचाने के लिए कड़े सुरक्षा प्रोटोकॉल अपनाए गए हैं. प्रश्नपत्रों और ओएमआर शीट्स की सुरक्षा के लिए पुलिस, प्रशासन और अन्य एजेंसियों के बीच समन्वय स्थापित किया गया है. देशभर में लागू की गई इस परीक्षा सुरक्षा व्यवस्था को अब तक की सबसे सख्त परीक्षा सुरक्षा प्रणाली माना जा रहा है.
परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए विशेष निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहले ही अधिकारियों को परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों के लिए सभी जरूरी सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे. साथ ही परिवहन और आवास संबंधी व्यवस्थाओं पर भी विशेष ध्यान देने को कहा गया है ताकि दूर-दराज से आने वाले छात्रों को परेशानी का सामना न करना पड़े. वहीं एग्जाम सेंटर्स, बस अड्डा और रेलवे स्टेशन पर परीक्षार्थियों की सुविधा और मदद के लिए पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है.
हर एक पर रहेगी पैनी नजर
परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा के लिए 192 राजपत्रित अधिकारी, 512 निरीक्षक, 1747 उपनिरीक्षक, 2152 मुख्य आरक्षी, 5882 आरक्षी और 207 होमगार्ड तैनात किए गए हैं. इसके अलावा पीएसी की तीन कंपनियां और जीआरपी में एक प्लाटून पीएसी को भी सुरक्षा व्यवस्था में लगाया गया है. अधिकारियों का कहना है कि परीक्षा केंद्रों के आसपास विशेष निगरानी रखी जाएगी ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके.
लखनऊ से होगी हाईटेक मॉनिटरिंग
इस बार परीक्षा की सबसे बड़ी खासियत हाईटेक मॉनिटरिंग सिस्टम है. पुलिस मुख्यालय, लखनऊ में एक अस्थायी कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है, जहां से राज्य स्तरीय समन्वय समिति और राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) के अधिकारी परीक्षा केंद्रों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की लाइव फीड देखेंगे. लाइव टेलीकास्ट सिस्टम के माध्यम से हर गतिविधि पर नजर रखी जाएगी, जिससे परीक्षा प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता बनी रहे.
अधिकारियों के मुताबिक, पेपर लीक और परीक्षा में अनियमितताओं की आशंकाओं को देखते हुए इस बार सुरक्षा और निगरानी के मानकों को पहले से कहीं अधिक सख्त बनाया गया है. परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश से पहले अभ्यर्थियों की गहन जांच की जाएगी और किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण या प्रतिबंधित सामग्री को अंदर ले जाने की अनुमति नहीं होगी.





