बेटी गायब, दामाद की मौत और गंदा धंधा का आरोप फूट-फूटकर रोया पिता

मध्य प्रदेश के जबलपुर से एक दर्दनाक और चौंकाने वाला मामला सामने आया है. यहां एक पिता अपनी बेटी की तलाश में पिछले 12 दिनों से दर-दर की ठोकरें खा रहा है. पीड़ित पिता का आरोप है कि उसकी बेटी को जबरन वेश्यावृत्ति के दलदल में धकेल दिया गया, जबकि इस पूरे घटनाक्रम और बदनामी के डर से उसका दामाद मानसिक तनाव में आ गया और उसने ट्रेन के सामने कूदकर अपनी जान दे दी. परिवार का कहना है कि बेटी की गुमशुदगी की शिकायत के बावजूद पुलिस ने समय रहते कोई ठोस कार्रवाई नहीं की. अब बेबस पिता न्याय की गुहार लेकर एसपी कार्यालय पहुंचा है. पीड़ित पिता का आरोप है कि पुलिस उनकी सुनवाई नहीं कर रही है, जिसके बाद वे न्याय की गुहार लेकर एसपी कार्यालय पहुंचे हैं.

पिता रामेश्वर तिवारी के मुताबिक, उनकी बेटी 29 अप्रैल से लापता है. वह अपने पति (दामाद) के साथ कहीं गई थी और सहेली से मिलने की बात कहकर निकली थी, लेकिन वापस नहीं लौटी. परिजनों ने 2 मई को पाटन तहसील की संबंधित नुनसर पुलिस चौकी में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी. पिता का आरोप है कि रिपोर्ट दर्ज होने के बावजूद पुलिस ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की और उन्हें केवल आश्वासन देकर टालती रही.

पति ने ट्रेन से कटकर आत्महत्या की

इस घटना में नया मोड़ तब आया, जब 7 मई को लापता लड़की के पति ने ट्रेन से कटकर आत्महत्या कर ली. पिता का दावा है कि उनके पास एक रिकॉर्डिंग मौजूद है, जिसमें दामाद ने मरने से पहले कुछ चौंकाने वाले खुलासे किए थे. रिकॉर्डिंग में दामाद ने बताया कि कुछ लोगों ने उसकी पत्नी को गलत धंधे में धकेल दिया है, जिसमें दामाद ने रंजीत यादव नाम के व्यक्ति और उसके मोबाइल नंबर का जिक्र किया था. यही नहीं आत्मसम्मान की बात कहते हुए कहा था कि उसकी मान-मर्यादा खत्म हो गई है और अब वह नहीं बचेगा. यही हुआ कि 7 तारीख को ट्रेन के सामने आकर कट कर दामाद ने अपनी जान दे दे.

मामला बढ़ता देख एडिशनल एसपी सूर्यकांत शर्मा ने संज्ञान लिया है. उन्होंने बताया कि रामेश्वर तिवारी ने आवेदन दिया है कि उनके दामाद ने 29 अप्रैल को अपनी पत्नी को कहीं छोड़ा था, जिसके बाद अपहरण की बात सामने आई. इसके बाद में दामाद ने बदनामी के डर से भेड़ाघाट स्टेशन के पास ट्रेन से कटकर सुसाइड कर लिया. हमने चौकी प्रभारी नुनसर को निर्देश दिए हैं. मामले में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज है. अब सीडीआर निकाली जाएगी और पार्ट-बाय-पार्ट जांच की जाएगी कि किन परिस्थितियों में क्या हुआ.

मेरी बेटी को सही सलामत ले आए पुलिस

वहीं पिता का कहना है कि उन्होंने यह रिकॉर्डिंग पुलिस को दिखाई थी, जिसमें एसआई ने नंबर डायल भी किया था, लेकिन इसके बाद भी कोई गिरफ्तारी या ठोस जांच नहीं हुई. पीड़ित पिता रामेश्वर तिवारी का कहना है कि उनकी बेटी का विवाह 2020 में हुआ था. शादी को चार साल हो चुके थे. उन्होंने रुआंसे स्वर में कहा कि हमारे हाथ से दामाद तो चला गया. अब हम जानना चाहते हैं कि हमारी बेटी कहां है और किस हाल में है. हमें बस न्याय चाहिए. फिलहाल, पुलिस अब सीडीआर और दामाद के सुसाइड के पहले रिकॉर्डिंग के आधार पर जांच को आगे बढ़ा रही है.